केंद्र सरकार का बड़ा फैसला, पहाड़ों को तोड़ने के लिए बारूद पर प्रतिबंध

डीएनए हिंदी वेब डेस्क | Updated:Feb 17, 2022, 11:00 AM IST

central government ban on gunpowder to break mountains

उच्च क्षमता बारूद विस्फोट से पहाड़ अस्थिर हो जाते हैं और बारिश, भूकंप में भारी तबाही मचाते हैं. जिससे जानमाल का भारी नुकसान होता है. 

डीएनए हिंदीः हिमालय पर्वत श्रंखला को बचाने के लिए केंद्र सरकार (central government) ने बड़ा फैसला लेते हुए बारूद के इस्तेमाल पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है.  अब पहाड़ों में राष्ट्रीय राजमार्ग, ब्रिज व टनल निर्माण में उच्च क्षमता बारूद (gunpowder) से विस्फोट नहीं किया जाएगा. इसकी जगह नई तकनीक का उपयोग किया जाएगा. इसमें पहाड़ों को बारूद से तोड़ने के बजाए उन्हें काटा जाएगा.

यह भी पढ़ेंः 'टुकड़े-टुकड़े की राजनीति...'; चन्नी के 'भैया' वाले बयान को लेकर CM हिमंत का राहुल-प्रियंका पर हमला 

पर्यावरण को होगा फायदा
सरकार के इस कदम का सीधा असर पर्यावरण पर पड़ेगा. दरअसल इस कदम से हिमालय पर्वत श्रंखला की पारिस्थितिकी और पर्यावरण को बचाने में मदद मिलेगी. वहीं पर्यावरण विशेषज्ञ सरकार के इस फैसले से बहुत खुश हैं. उनका कहना है कि उच्च क्षमता बारूद विस्फोट से पहाड़ अस्थिर हो जाते हैं और बारिश, भूकंप में भारी तबाही मचाते हैं. जिससे जानमाल का भारी नुकसान होता है. 

यह भी पढ़ेंः Hijab Row: घूंघट, चूड़ी, पगड़ी को छूट तो हिजाब पर सवाल क्यों? याचिकाकर्ता की कर्नाटक HC में दलील, आज फिर सुनवाई

केंद्र ने जारी किया आदेश
केद्र सरकार की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है. सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय ने 15 फरवरी को इस बाबत केंद्रीय एजेंसी एनएचआईडीसीएल, एनएचएआई, बीआरओ सहित राज्यों के प्रमुख सचिवों को निर्देश जारी कर दिए हैं. सरकार ने बारूद के प्रयोग पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है. इसके स्थान पर खोदने वाली मशीन का प्रयोग किया जाएगा. इसके अलावा नियंत्रित तरीके से ब्लास्टिंग, डेटोनेटर व वॉटर जेल एक्सप्लोसिव आदि तकनीक को विकसित करने और अपनाने पर बल दिया जाएगा.  

हमसे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज पर आएं और डीएनए हिंदी को ट्विटर पर फॉलो करें.

central government ban